पटना : बिहार की नीतीश सरकार ने प्रदेश में वक्फ बोर्ड की भूमी को लेकर बड़ा फैसला सुनाया है। प्रदेश सरकार सुन्नी और सिया वक्फ बोर्ड के तहत पंजीकृत संपत्तियों के विकास के लिए बहुउद्देशीय भवन, बाजार परिसर, विवाह भवन और अन्य संरचनाओं के निर्माण की तैयारी शुरू कर दी है। अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री जमा […]
पटना : बिहार की नीतीश सरकार ने प्रदेश में वक्फ बोर्ड की भूमी को लेकर बड़ा फैसला सुनाया है। प्रदेश सरकार सुन्नी और सिया वक्फ बोर्ड के तहत पंजीकृत संपत्तियों के विकास के लिए बहुउद्देशीय भवन, बाजार परिसर, विवाह भवन और अन्य संरचनाओं के निर्माण की तैयारी शुरू कर दी है। अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री जमा खान ने 12 अगस्त सोमवार को इसका ऐलान करते हुए कहा कि राज्य सरकार ने प्रदेश के अलग-अलग इलाकों में 21 नए मदरसे स्थापित करने का भी फैसला लिया है।
जामा खान ने कहा, “2023-24 में पटना, पूर्णिया, कैमूर, कटिहार, किशनगंज, नवादा और सीवान में बहुउद्देश्यीय भवनों, बाजार परिसरों और पुस्तकालयों के निर्माण के लिए 10 परियोजनाएं प्रस्तावित की गईं। इसके लिए 105.13 करोड़ रुपये की राशि आवंटित की गई. इन परियोजनाओं में सीवान एवं भागलपुर जिले में बहुउद्देशीय भवन, अतिथि गृह, विवाह भवन, वक्फ कार्यालय भवन एवं बाजार परिसरों का निर्माण किया जाएगा।”
मौके पर मंत्री जमा खान ने कहा, “बिहार राज्य वक्फ विकास योजना के तहत कार्य किया जा रहा है। इसके साथ-साथ बिहार राज्य मदरसा सुदृढ़ीकरण योजना के तहत प्रदेश सरकार ने राज्य के अलग-अलग हिस्सों में 21 नए मदरसे बनाने का निर्णय किया है। अभी कुछ दिन पहले ही प्रदेश में 10 मदरसों का निर्माण कार्य पूरा किया गया है।