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       <title>Today Pitru Paksha Mela 2023 News | Latest Pitru Paksha Mela 2023 News | Breaking Pitru Paksha Mela 2023 News in English | Latest Pitru Paksha Mela 2023 News Headlines - Inkhabar</title>
        <description>आज का Pitru Paksha Mela 2023 समाचार:Today Pitru Paksha Mela 2023 News ,Latest Pitru Paksha Mela 2023 News,Aaj Ka Samachar ,Pitru Paksha Mela 2023 समाचार ,Breaking Pitru Paksha Mela 2023 News in Hindi, Latest News Headlines - Inkhabar</description>
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        </image><item><title>बिहार: अगर इस बार पितृ पक्ष पर गया नहीं आ सकते तो करिए ई-पिंडदान, जानिए पूरी डिटेल</title><link>https://bihar.inkhabar.com/culture/bihar-if-you-cannot-come-to-gaya-for-pitru-paksha-this-time-then-do-e-pind-daan-know-the-complete-details/</link><pubDate>September 22, 2023, 6:41 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2023/09/2-3.png</image><category>टॉप न्यूज़</category><excerpt>पटना। गया में 28 सितंबर से 14 अक्टूबर तक लगेगा पितृ पक्ष मेला। इस बार देश-विदेश से लाखों श्रद्धालुओं के आने की संभावना है। पिंडदान से पूर्वजों को मोक्ष की प्राप्ति होती है। ई-पिंडदान से करें पूर्वजों के मोक्ष की कामना गया में 28 सितंबर से विश्व...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;पटना।&lt;/strong&gt; गया में 28 सितंबर से 14 अक्टूबर तक लगेगा पितृ पक्ष मेला। इस बार देश-विदेश से लाखों श्रद्धालुओं के आने की संभावना है। पिंडदान से पूर्वजों को मोक्ष की प्राप्ति होती है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;ई-पिंडदान से करें पूर्वजों के मोक्ष की कामना&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;गया में 28 सितंबर से विश्व प्रसिद्ध पितृ पक्ष मेले का शुभारंभ होने जा रहा है। यहां मेले में जल्दी ही देश-विदेश से लाखों की संख्या में हिंदू सनातन धर्मावलंबियों के आने का सिलसिला शुरू होने वाला है। बता दें कि इस वर्ष पितृ पक्ष मेले के दौरान 10 से 12 लाख श्रद्धालुओं के गया जी पहुंचने की संभावना है। गया जी पहुंचकर तीर्थयात्री अपने पूर्वजों को मोक्ष दिलाने की कामना के साथ पिंडदान, तर्पण एवं कर्मकांड को पूरा करते हैं लेकिन जो लोग इस बार पितृ पक्ष पर गया जी नहीं आ सकते हैं वो लोग ई-पिंडदान का लाभ उठा सकते हैं।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;विशेष पैकेज से मिलेगी सारी सुविधा&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;इस साल बिहार सरकार ने ऐसे श्रद्धालुओं के लिए ई-पिंडदान की व्यवस्था की है जो विदेश में हैं और अपने पितरों का पिंडदान करना चाहते हैं। गया जिले के डीएम डॉ. त्यागराजन एसएम ने बताया कि यह व्यवस्था ऐसे लोगों के लिए है जो खासकर विदेशों में रहते हैं या फिर किसी अन्य कारणों से गया जी पिंडदान के लिए नहीं आ सकते हैं। इस ई-पिंडदान के जरिए विष्णुपद मंदिर, अक्षय वट और फल्गु नदी के किनारे पिंडदान करने की व्यवस्था की जा रही है। इस व्यवस्था के लिए बिहार राज्य पर्यटन विकास निगम के द्वारा एक पैकेज भी बनाया गया है जिसमें पिंडदान के लिए सामग्री, ब्राह्मण का दक्षिणा और अन्य खर्च को शामिल किया गया है। इसकी जानकारी बिहार राज्य पर्यटन विकास निगम की वेबसाइट पर भी उपलब्ध है। अपनी सुविधा के हिसाब से पैकेज के अनुसार ऑनलाइन बुकिंग कराया जा सकता है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;इतना खर्च आ सकता है&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;बता दें कि गया जी में विष्णुपद मंदिर, फल्गु नदी और अक्षयवट पर पिंडदान करने की व्यवस्था की जा रही है। तीनों स्थानों ई-पिंडदान के लिए प्रति श्रद्धालु 21,500 रुपये तय किए गए हैं। इसमें पूजन सामग्री, ब्राह्मण का दक्षिणा आदि सभी राशियां जोड़ी गई है। बताया जा रहा है कि ऑनलाइन पेमेंट बिहार राज्य पर्यटन विकास निगम के बैंक खाते में करना होगा। यहां श्रद्धालुओं को ई-पिंडदान संपन्न कराने के बाद पेन ड्राइव की होम डिलीवरी कराई जाएगी।&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>बिहार: 28 सितंबर से बदल जाएगा गया का ट्रैफिक रूट, इन स्थानों पर होगी पार्किंग व्यवस्था</title><link>https://bihar.inkhabar.com/culture/bihar-gayas-traffic-route-will-change-from-september-28-parking-arrangements-will-be-made-at-these-places/</link><pubDate>September 20, 2023, 6:03 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2023/09/1-300x200.webp</image><category>टॉप न्यूज़</category><excerpt>पटना। पितृपक्ष मेले के दौरान कई रास्तों को वन–वे किया जाएगा साथ ही मेला क्षेत्र में आने वाले छोटे-बड़े बाहरी वाहनों के लिए पार्किंग व्यवस्था की गई है। मेला क्षेत्र में नो व्हीकल जोन गया में जल्दी ही विश्व प्रसिद्ध पितृपक्ष मेला लगने जा रहा है। ...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;पटना।&lt;/strong&gt; पितृपक्ष मेले के दौरान कई रास्तों को वन–वे किया जाएगा साथ ही मेला क्षेत्र में आने वाले छोटे-बड़े बाहरी वाहनों के लिए पार्किंग व्यवस्था की गई है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;मेला क्षेत्र में नो व्हीकल जोन&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;गया में जल्दी ही विश्व प्रसिद्ध पितृपक्ष मेला लगने जा रहा है। बता दें कि ये मेला 28 सितंबर से 14 अक्टूबर तक रहेगा। मेले के दौरान देश–विदेश से लाखों की संख्या में तीर्थयात्री गयाजी धाम आते हैं और पिंडदान, तर्पण और विभिन्न प्रकार के कर्मकांडों को पूरा करते हैं। इनमें से ज्यादातर यात्री रेल और सड़क मार्ग से गया पहुंचते हैं। मेले में तीर्थयात्रियों की भीड़ होगी इसलिए ऐसे में सुरक्षा-व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। इसके अलावा यातायात व्यवस्था को सुचारू रूप से चलाने के लिए मेला क्षेत्र में नो व्हीकल जोन बनाया गया है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;ये मार्ग रहेंगे वन-वे&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;ट्रैफिक व्यवस्था को बनाए रखने के लिए और मेले के दौरान लोगों को आने-जाने में दिक्कत न हो इसको लेकर कई मार्गों में बदलाव किए गए हैं। यहीं नहीं कई रास्तों को वन–वे किया गया है तो कई सड़कों पर बड़े वाहनों के प्रवेश पर रोक लगा दी गई है। वहीं गया के डीएम डॉ. त्यागराजन एसएम के निर्देश पर जिला परिवहन पदाधिकारी विकास कुमार और एमवीआई अजय कुमार के द्वारा ट्रैफिक रूट तैयार किया गया है। बताया जा रहा है कि गया जंक्शन से चांदचौरा के लिए वन-वे मार्ग रहेगा। वहीं गया जंक्शन से बाटा मोड़, स्वराजपुरी रोड, काशीनाथ मोड़, दिग्घी तालाब, राजेंद्र आश्रम, एपीआर मॉल और नागमतिया रोड होते हुए स्टेशन तक वन-वे रहेगा। मेले के दौरान इस रूट पर बड़े वाहनों का प्रवेश वर्जित रहेगा।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;पार्किंग की सुविधा&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;मेला क्षेत्र में आने वाले छोटे-बड़े बाहरी वाहनों के लिए पार्किंग व्यवस्था की गई है। वहीं शहर के बाहर 11 जगहों पर वाहन पार्किंग की सुविधा भी दी जा रही है। इसके अलावा यात्रियों के आवागमन के लिए निःशुल्क ई-रिक्शा का परिचालन किया जाएगा। गया रेलवे स्टेशन से चांदचौरा पूर्वी, चांदचौरा पूर्वी से विष्णुपद मंदिर, बंगाली आश्रम से तुलसी पार्क और अंगरैली अंडर पास से प्रेतशिला तक रूट का निर्धारण किया गया है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;इन जगहों पर बनाए गए हैं पड़ाव स्थल&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;शहर में कई जगहों को पड़ाव स्थल के रुप में चुना गया है। बता दें कि सिकड़िया मोड़ बस स्टैंड, गया कॉलेज खेल परिसर, प्रेतशिला की पहाड़तली किसान कॉलेज मैदान, केंदुयी सूर्य मंदिर परिसर, आईटीआई पॉलटेक्निक कॉलेज, मैदान परिसर, रेलवे स्टेशन गया के पास, पंचायती अखाड़ा रेल अंडर पास से सटे पूर्वी भाग, कोलरा अस्पताल मैदान, भुसुंडा मैदान, सीताकुंड के पास सड़क किनारे/पंचदेव धाम और कुष्ठ अस्पताल परिसर में पड़ाव स्थल बनाए गए हैं। इसके अलावा बसों के लिए रिंग सेवा पड़ाव स्थल बनाए गए हैं। वहीं विष्णुपद से बोधगया–प्रेतशिला–रामशिला, गया रेलवे स्टेशन से विष्णुपद, गया कॉलेज खेल परिसर से रामशिला–प्रेतशिला और गांधी मैदान से विष्णुपद तक रिंग बस सेवा चलाई जाएगी। यहीं नहीं प्रीपेड छोटे वाहनों का प्रति घंटे के अनुसार रेट का निर्धारण किया गया है ताकि गयाजी आने वाले तीर्थयात्रियों को किसी भी प्रकार की कोई परेशानी का सामना न करना पड़े।&lt;/p&gt;
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