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       <title>Today education department News | Latest education department News | Breaking education department News in English | Latest education department News Headlines - Inkhabar</title>
        <description>आज का education department समाचार:Today education department News ,Latest education department News,Aaj Ka Samachar ,education department समाचार ,Breaking education department News in Hindi, Latest News Headlines - Inkhabar</description>
        <link>https://www.inkhabar.com/tag/education-department</link>
        <lastBuildDate>June 22, 2026, 8:30 am</lastBuildDate>
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            <title>Inkhabar</title>
            <link>https://www.inkhabar.com/</link>
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        </image><item><title>बिहार में 60 शिक्षक कर रहे बिना वेतन के काम, 1 साल से नहीं मिली तनख्वाह</title><link>https://bihar.inkhabar.com/states/60-teachers-in-bihar-are-working-without-salary-have-not-received-salary-for-1-year/</link><pubDate>January 20, 2025, 8:11 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2025/01/TEACH.webp</image><category>राज्य</category><excerpt>पटना। बिहार राज्य विश्वविद्यालय सेवा आयोग से नियुक्त कामेश्वर सिंह दरभंगा संस्कृत विश्वविद्यालय के लगभग 60 शिक्षक बिना वेतन के काम कर रहे हैं। यह शिक्षक 13 महीनों से बिना किसी वेतन के अपनी सेवा दे रहे हैं। छात्रों को पढ़ा रहे हैं। वेतन ना मिलने...</excerpt><content>
&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;&lt;strong&gt;पटना।&lt;/strong&gt; बिहार राज्य विश्वविद्यालय सेवा आयोग से नियुक्त कामेश्वर सिंह दरभंगा संस्कृत विश्वविद्यालय के लगभग 60 शिक्षक बिना वेतन के काम कर रहे हैं। यह शिक्षक 13 महीनों से बिना किसी वेतन के अपनी सेवा दे रहे हैं। छात्रों को पढ़ा रहे हैं। वेतन ना मिलने की वजह से आर्थिक स्थिति चरमरा सी गई है। बिना पैसों के अब जीवनयापन करना मुश्किल हो गया है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;मुख्यमत्री और राज्यपाल को लिखी चिट्ठी&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;इसको देखते हुए विश्वविद्यालय के ज्योतिष, व्याकरण, दर्शन एवं हिंदी के शिक्षकों ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, कुलाधिपति सह राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान को इस चिट्ठी लिखकर वेतन की गुहार लगाई है। नवनियुक्त शिक्षकों ने कहा कि वह देशभर के विभिन्न हिस्सों से यहां आकर काम कर रहे हैं। परिवार को चलाने के लिए पैसों की जरुरत होती है, लेकिन वेतन ना मिलने के कारण उधारी की जिंदगी जीनी पड़ रही है। लोगों से उधार मांगकर राशन और कई तरह की जरुरत की चीजें खरीदनी पड़ रही है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;कर्ज देने से इंकार कर रहे लोग&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;कर्ज इतना ज्यादा हो चुका है कि अब लोग कर्ज देने से भी इंकार कर रहे हैं। बता दें कि साल 2023 अप्रैल में योगदान देने के बाद से अब तक 19 महीने पूरे हो चुके है। इसमें अब तक केवल तीज-त्योहार में केवल 5 महीनों का ही वेतन मिला है। इस मामले को लेकर कुलसचिव ने बताया कि सरकार से राशि ना मिलने के कारण शिक्षकों का भुगतान नहीं किया गया। बीपीएससी एनेक्चर वन और टू के शिक्षकों को दिसंबर माह का वेतन ना मिलने से मायूसी है। हालांकि, नियोजित और सक्षमता पास कुछ शिक्षकों को वेतन का भुगतान किया गया है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;वेतन भुगतान को लेकर प्रदर्शन करेंगे&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;जिला शिक्षा पदाधिकारी राजकुमार ने बताया कि तकनीकी खराबी होने के कारण दिसंबर माह के वेतन में देरी हो रही है। दो-तीन दिन में संभवत: तकनीकी खराबी दूर कर सभी का भुगतान करा दिया जाएगा। संबद्ध डिग्री महाविद्यालयों में कार्यरत शिक्षाकर्मियों के लिए परीक्षा रिजल्ट आधारित अनुदान के बदले वेतन-संरचना निर्धारित कर प्रतिमाह वेतन भुगतान आदि मांगों को लेकर विरोध प्रदर्शन करेंगे।&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>बिहार में पुरुष टीचर गर्भवती मामले में कार्रवाई, हेडमास्टर समेत कई लोगों पर गिरी गाज</title><link>https://bihar.inkhabar.com/crime/in-bihar-action-was-taken-in-the-case-of-male-teacher-being-pregnant-many-people-including-the-headmaster-were-punished/</link><pubDate>December 28, 2024, 6:32 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2024/12/download-17-300x168.png</image><category>अजब-गजब</category><excerpt>पटना: कुछ दिनों पहले बिहार के वैशाली जिले से एक शिक्षक को लेकर अजीबोगरीब खबर सामने आई थी, जिसमे शिक्षक ने मातृत्व अवकास लेकर छुट्टी के लिए ई-शिक्षाकोष पोर्टल पर अप्लाई किया था. जिसके बाद जानकारी सामने आने के बाद उनकी खूब आलोचना हुई। हालांकि इस ...</excerpt><content>
&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;&lt;strong&gt;पटना&lt;/strong&gt;: कुछ दिनों पहले बिहार के वैशाली जिले से एक शिक्षक को लेकर अजीबोगरीब खबर सामने आई थी, जिसमे शिक्षक ने मातृत्व अवकास लेकर छुट्टी के लिए ई-शिक्षाकोष पोर्टल पर अप्लाई किया था. जिसके बाद जानकारी सामने आने के बाद उनकी खूब आलोचना हुई। हालांकि इस मामले में अब शिक्षक और छुट्टी देने वाले हेडमास्टर पर कार्रवाई हुई है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;मामले में स्पष्टीकरण मांगा गया&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;बता दें कि जिला शिक्षा अधिकारी ने इस मामले में स्पष्टीकरण मांगा था। जिसमे पाया गया कि हेडमास्टर की आईडी से ई-शिक्षाकोष पोर्टल पर छुट्टी लेने के लेने के लिए शिक्षक ने मातृत्व इंट्री की थी. गलत तरीके से छुट्टी लेकर शिक्षक जितेंद्र कुमार सिंह विद्यालय नहीं पहुंच रहे थे। वहीं मामले में स्पष्टीकरण मिलने के बाद स्कूल के हेडमास्टर और शिक्षक दोनों को ससपेंड कर दिया गया है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;ये है पूरा मामला&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;सरकारी स्कूल के एक पुरुष शिक्षक ने मातृत्व अवकाश के लिए आवेदन किया था और मंजूरी मिलने के बाद वह एक सप्ताह तक छुट्टी पर रहे. यह घटना तब सामने आई जब सरकारी शिक्षकों के लिए ऑनलाइन अवकाश आवेदन पोर्टल के कुछ उपयोगकर्ताओं ने इसका स्क्रीनशॉट लिया और इसे सोशल मीडिया पर पोस्ट कर दिया। शिक्षा विभाग की खिल्ली उड़ने के बाद अधिकारियों ने दावा किया कि यह एक &amp;#8216;तकनीकी गलती&amp;#8217; थी जिसे सुधार लिया जाएगा और इसमें कुछ भी गलत नहीं है.&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>Missing: प्राइवेट स्कूलों से लापता हुए लाखों बच्चे, फर्जीवाड़े की भी खुली पोल</title><link>https://bihar.inkhabar.com/desh-pradesh/missing-lakhs-of-children-missing-from-private-schools-fraud-also-exposed/</link><pubDate>December 11, 2024, 6:05 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2024/12/3456-300x169.webp</image><category>देश-प्रदेश</category><excerpt>पटना। बिहार के प्राइवेट स्कूलों से सात लाख से ज्यादा बच्चे एक साल के अंदर लापता हो गए हैं। ई-शिक्षा कोष पर डाले गए 2 साल के रिकॉर्ड से इसका राज खुला है। एक साल में 31 लाख का आंकड़ा 23 लाख पर आया गया। साल 2023-24 में बिहार के प्राइवेट स्कूलों मे...</excerpt><content>
&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;&lt;strong&gt;पटना।&lt;/strong&gt; बिहार के प्राइवेट स्कूलों से सात लाख से ज्यादा बच्चे एक साल के अंदर लापता हो गए हैं। ई-शिक्षा कोष पर डाले गए 2 साल के रिकॉर्ड से इसका राज खुला है। एक साल में 31 लाख का आंकड़ा 23 लाख पर आया गया। साल 2023-24 में बिहार के प्राइवेट स्कूलों में बच्चों का आंकड़ा 31 लाख 15 हजार था।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;आंकड़ा 23 लाख बच्चों को दिया गया है&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;वहीं 2024-25 में ई-शिक्षा कोष पर आंकड़ा लगभग 23 लाख बच्चों का दिया गया है। ई-शिक्षा कोष के आधार पर पहली बार निजी स्कूलों के बच्चों का रिकॉर्ड लिया गया है। इससे दोहरे नामांकन के साथ-साथ फर्जीवाड़े नामांकन का खुलासा हुआ है। इसके साथ ही कई तरह की और गड़बड़ियों का खुलासा हुआ है। शिक्षा विभाग की तरफ से दी गयी जानकारी के मुताबिक बिहार के निजी स्कूलों से केवल सात लाख बच्चे लापता ही नहीं हुए हैं, बल्कि जिन बच्चों का नाम दाखिला रजिस्टर पर दर्ज किया गया है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;बच्चों के आधार नंबर दर्ज नहीं है&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;उनमें कई बच्चों के नाम के साथ उनका आधार नंबर भी दर्ज नहीं है। ऐसे बच्चों की संख्या कुल बच्चों की संख्या का 25 प्रतिशत से अधिक बताया जा रहा है। जिन 23 लाख बच्चों की संख्या बिहार के 38 जिलों से दी गई है, इनमें भी 6 लाख बच्चे बिना आधार के ही नामांकन वालों की सूची में दर्ज हैं। ऐसे में इन बच्चों के दोहरे नामांकन की संभावना भी शिक्षा विभाग को है। शिक्षा विभाग से मिली जानकारी के मुताबिक पूर्णिया, नवादा, मुजफ्फरपुर समेत 7 जिलों में 30 से 50 तक बच्चे लापता हो गए है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;आकंड़ा पौने दो करोड़ तक पहुंचा&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;दोहरे नामांकन और नामांकन में फर्जीवाड़े को रोकने के लिए शिक्षा विभाग ने आधार के साथ ही निजी स्कूलों को भी बच्चों की सूची ई-शिक्षा कोष पर डालने का निर्देश दिया था। प्राइवेट स्कूलों के बच्चों की संख्या एक साल में कम होने पर सवाल यह कि अगर यह दोहरा नामांकन नहीं है तो ये बच्चे गए कहां। सरकारी स्कूलों में भी बच्चों की संख्या बढ़ने की बजाए एक साल में घटी ही है। सरकारी स्कूलों में 2 करोड़ से अधिक बच्चों का आंकड़ा पौने दो करोड़ पर आकर रुक गया है।&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>Orders: शिक्षा विभाग ने जारी किए आदेश , 9 से 31 दिंसबर के बीच होगी काउंसलिंग</title><link>https://bihar.inkhabar.com/states/orders-education-department-issued-orders-counseling-will-be-held-between-9-to-31-december/</link><pubDate>November 30, 2024, 2:07 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2024/11/967-300x169.webp</image><category>राज्य</category><excerpt>पटना। शिक्षा विभाग ने प्रदेश के सरकारी स्कूलों के नव चयनित/अनुशंसित हेड मास्टर, प्रधान टीचर, टीआरइ थ्री में चयनित स्कूल टीचर और सक्षमता परीक्षा-2 में पास हुए कुल 1,47,534 अभ्यर्थियों की काउंसलिंग के लिए शेड्यूल बीते दिन ही जारी किया। इन सबकी पा...</excerpt><content>
&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;&lt;strong&gt;पटना।&lt;/strong&gt; शिक्षा विभाग ने प्रदेश के सरकारी स्कूलों के नव चयनित/अनुशंसित हेड मास्टर, प्रधान टीचर, टीआरइ थ्री में चयनित स्कूल टीचर और सक्षमता परीक्षा-2 में पास हुए कुल 1,47,534 अभ्यर्थियों की काउंसलिंग के लिए शेड्यूल बीते दिन ही जारी किया। इन सबकी पास अभ्यर्थियों की काउंसेलिंग 9 से 31 दिसंबर के बीच होनी है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;काउंसलिंग कैमरे की निगरानी में&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;जो अलग-अलग तारीखों पर आयोजित कराई जाएगी। इस दिशा में निर्देश शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव (एसीएस) डॉ एस सिद्धार्थ ने सभी जिला पदाधिकारियों को दे दिए हैं। एसीएस सिद्धार्थ की ओर से जारी ऑफिशियल लेटर के मुताबिक काउंसलिंग के दौरान शिक्षा विभाग के पदाधिकारी/कर्मचारी की ड्यूटी नहीं लगाई जाएगी। सिद्धार्थ ने जिला पदाधिकारियों को निर्देशित किया है कि काउंसलिंग की पूरी प्रक्रिया सीसीटीवी कैमरे की निगरानी में की जानी है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;जल्दी ही कराई जाएगी काउंसलिंग&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;प्राथमिक स्कूलों के 36947 प्रधान शिक्षकों की काउंसलिंग जल्द ही की जाएगी। उच्च माध्यमिक स्कूलों के 5971 अनुशंसित हेड मास्टरों की काउंसेलिंग 9 से 13 दिसंबर के बीच होगी। टीआरइ थ्री में कक्षा एक से पांचवीं के लिए चयनित 21911 टीचर और कक्षा छह से आठवीं के लिए चयनित 16989 स्कलू टीचरों की काउंसेलिंग 16 से 20 दिसंबर के बीच कराई जाएगी। सक्षमता परीक्षा -2 में पास हुए 65716 शिक्षकों की काउंसलिंग 23 से 31 दिसंबर के बीच आयोजित की जाएगी।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;जिला मुख्यालयों में होगी काउंसलिंग&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;जारी शेड्यूल के बीच ही टीआरइ थ्री में कक्षा 9 से 10 और 11-12 के स्कूल टीचरों की काउंसेलिंग कराई जा सकती है। फिलहाल इसकी तारीख की घोषणा नहीं की गई है। हेड मास्टर और सक्षमता परीक्षा उत्तीर्ण शिक्षकों की काउंसलिंग उनके पद स्थापना वाली जगह पर ही आयोजित कराई जाएगी। स्कूल शिक्षक की काउंसलिंग के लिए बीपीएससी निर्णय लेगा। वहीं हेडमास्टर की काउंसलिंग डिवीजन के जिला मुख्यालयों पर कराई जाएगी।&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>बिहार के 117 स्कूलों पर गिरने वाला है गाज, शिक्षा विभाग ने क्यों दिया ये आदेश</title><link>https://bihar.inkhabar.com/states/punishment-is-going-to-fall-on-117-schools-of-bihar-why-did-the-education-department-give-this-order/</link><pubDate>October 14, 2024, 6:18 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2024/10/download-99-300x169.png</image><category>राज्य</category><excerpt>पटना: बिहार में ई-शिक्षा कोष पोर्टल पर छात्रों की जानकारी नहीं देना स्कूलों को महंगा पड़ सकता है. पटना जिले में 117 ऐसे स्कूल हैं जिन्होंने अब तक छात्रों की जानकारी नहीं दी है. उन स्कूलों पर कार्रवाई हो सकती है. उन्होंने पोर्टल पर पढ़ने वाले बच...</excerpt><content>
&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;&lt;strong&gt;पटना:&lt;/strong&gt; बिहार में ई-शिक्षा कोष पोर्टल पर छात्रों की जानकारी नहीं देना स्कूलों को महंगा पड़ सकता है. पटना जिले में 117 ऐसे स्कूल हैं जिन्होंने अब तक छात्रों की जानकारी नहीं दी है. उन स्कूलों पर कार्रवाई हो सकती है. उन्होंने पोर्टल पर पढ़ने वाले बच्चों की जानकारी भी अपलोड करना शुरू नहीं किया है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;ई-शिक्षा कोष पोर्टल पर जानकारी अपलोड करें&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;इन स्कूलों को जल्द से जल्द कक्षावार आधार नंबर के साथ बच्चों की जानकारी ई-शिक्षा कोष पोर्टल पर अपलोड करनी होगी, अन्यथा उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी.मालूम हो कि स्कूलों में दोहरे नामांकन और फर्जीवाड़े को रोकने के लिए शिक्षा विभाग ने निजी स्कूलों को ई-शिक्षा कोष पोर्टल पर स्कूलों में नामांकित छात्रों की जानकारी उपलब्ध कराने का आदेश दिया है.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;117 स्कूलों ने बच्चों की जानकारी नहीं दी&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;वहीं, जिन 117 निजी स्कूलों ने आधार नंबर के साथ पढ़ने वाले बच्चों की कुल संख्या की जानकारी पोर्टल पर अपलोड नहीं की है, उनमें सबसे ज्यादा पटना सदर प्रखंड के स्कूल शामिल हैं. मिली सूचना के मुताबिक, पटना सदर ब्लॉक में 77 स्कूल ऐसे हैं, जिन्होंने अभी तक बच्चों की जानकारी अपलोड नहीं की है.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;राजधानी पटना सदर ब्लॉक से 77 स्कूल&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;पालीगंज- 3, पंडारक- 1, पटना सदर- 77, पुनपुन- 1, फुलवाशरीफ- 5, संपतचक- 3,अथमलगोला- 2, बख्तियारपुर- 1, बाढ़- 1, बिहटा- 4, बिक्रम- 2, दानापुर- 3, धनरुआ- 1, दुल्हिन बाजार- 1, मनेर- 2, मसौढ़ी- 3, मोकामा- 2, नौबतपुर- 5 शामिल हैं.&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>Bihar Teacher Salary: नीतीश सरकार का बड़ा फैसला, शिक्षकों को एक साथ मिलेगी तीन माह की सैलरी</title><link>https://bihar.inkhabar.com/top-news/bihar-teacher-salary-big-decision-of-nitish-government-teachers-will-get-three-months-salary-together/</link><pubDate>October 7, 2024, 11:57 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2024/10/download-37-300x187.png</image><category>टॉप न्यूज़</category><excerpt>पटना: त्योहारी सीजन में बिहार शिक्षा विभाग ने पे रोल मैनेजमेंट पोर्टल से जुड़ी बड़ी राहत दी है. शिक्षकों और कर्मचारियों को जुलाई से सितंबर तक का वेतन पाने के लिए अब पोर्टल से पर्ची की जरूरत नहीं पड़ेगी। बिहार शिक्षा विभाग ने वेतन भुगतान की प्रक...</excerpt><content>
&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;&lt;strong&gt;पटना:&lt;/strong&gt; त्योहारी सीजन में बिहार शिक्षा विभाग ने पे रोल मैनेजमेंट पोर्टल से जुड़ी बड़ी राहत दी है. शिक्षकों और कर्मचारियों को जुलाई से सितंबर तक का वेतन पाने के लिए अब पोर्टल से पर्ची की जरूरत नहीं पड़ेगी। बिहार शिक्षा विभाग ने वेतन भुगतान की प्रक्रिया को आसान बना दिया है.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;शिक्षा विभाग के फैसले से मिलेगा फायदा&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;बता दें कि शिक्षा विभाग के इस अहम फैसले से पटना यूनिवर्सिटी, मगध यूनिवर्सिटी, बीआरए बिहार यूनिवर्सिटी, जयप्रकाश यूनिवर्सिटी, वीर कुंवर सिंह यूनिवर्सिटी समेत कई विश्वविद्यालयों के शिक्षकों और कर्मचारियों को फायदा होगा.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;पेरोल मैनेजमेंट पोर्टल की प्रक्रिया होगी आसान&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;बिहार शिक्षा विभाग के इस फैसले के बाद अब पेरोल मैनेजमेंट पोर्टल से बिना पर्ची निकाले भी शिक्षकों को वेतन भुगतान की प्रक्रिया सरल हो जायेगी. शिक्षकों और कर्मचारियों को वेतन भुगतान में आ रही दिक्कतों को कम करने के लिए शिक्षा विभाग ने यह कदम उठाया है.त्योहारी सीजन में हर किसी को पैसों की जरूरत होती है. इसे ध्यान में रखते हुए, शिक्षा विभाग बिहार के विश्वविद्यालयों और कॉलेजों के शिक्षकों और कर्मचारियों को जुलाई से सितंबर तक वेतन का भुगतान करेगा, भले ही उनके पास पेरोल प्रबंधन पोर्टल पर वेतन पर्ची न हो।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;13 विश्वविद्यालयों के हजारों शिक्षकों को फायदा&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;कर्मचारियों की परेशानी कम करने के लिए शिक्षा विभाग ने तीन महीने के लिए पोर्टल से सैलरी स्लिप की अनिवार्यता हटा दी है. विभाग के इस फैसले से राज्य के 13 विश्वविद्यालयों के हजारों शिक्षकों और कर्मचारियों को फायदा होगा. दुर्गा पूजा से पहले बिहार सरकार ने वेतन भुगतान के लिए पैसा जारी कर दिया है.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;इन कर्मचारियों को मिलेगा इसका फायदा&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;सरकार के इस फैसले से कामेश्वर सिंह दरभंगा संस्कृत यूनिवर्सिटी, मौलाना मजहरुल हक वीर कुंवर सिंह यूनिवर्सिटी, बीएन मंडल यूनिवर्सिटी, तिलका मांझी भागलपुर यूनिवर्सिटी, अरबी-फारसी यूनिवर्सिटी, पाटलिपुत्र यूनिवर्सिटी, पटना यूनिवर्सिटी, मगध यूनिवर्सिटी, बीआरए बिहार यूनिवर्सिटी, जयप्रकाशयूनिवर्सिटी, पूर्णिया यूनिवर्सिटी, मुंगेर यूनिवर्सिटी, ललित नारायण मिथिला यूनिवर्सिटी के हजारों शिक्षक और कर्मचारी अच्छे से त्योहार मना सकते हैं।&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>बिहार शिक्षा विभाग में जल्द होगी डेढ़ लाख पदों पर नियुक्ति, शिक्षा मंत्री का आदेश</title><link>https://bihar.inkhabar.com/top-news/bihar-education-department-will-soon-appoint-1-5-lakh-posts-order-of-education-minister/</link><pubDate>August 22, 2024, 8:31 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2024/08/download-4-7-300x168.png</image><category>टॉप न्यूज़</category><excerpt>पटना : बिहार के शिक्षा मंत्री सुनील कुमार ने घोषणा की है कि प्रदेश शिक्षा विभाग में जल्द ही डेढ़ लाख से अधिक पदों पर बहाली होने वाली है। एक बार फिर से प्रदेश में नौकरी की बहार आने वाली है। शिक्षा विभाग फिर से बड़े पैमाने पर भर्ती करने का फैसला लि...</excerpt><content>
&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;&lt;strong&gt;पटना &lt;/strong&gt;: बिहार के शिक्षा मंत्री सुनील कुमार ने घोषणा की है कि प्रदेश शिक्षा विभाग में जल्द ही डेढ़ लाख से अधिक पदों पर बहाली होने वाली है। एक बार फिर से प्रदेश में नौकरी की बहार आने वाली है। शिक्षा विभाग फिर से बड़े पैमाने पर भर्ती करने का फैसला लिया है। इन पदों के अधियाचना बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) को भेज दी गई है। इस भर्ती में विद्यालय के प्रिंसिपल, प्रधान टीचर, कंप्यूटर शिक्षक आदि की नियुक्ति की जाएगी।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;खंडर विद्यालयों की होगी मरम्मत&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;जेडीयू प्रदेश कार्यालय में मीडिया से बात करते हुए शिक्षा मंत्री ने कहा सभी विधायकों और विधान परिषदों से ऐसे 10-10 सरकारी विद्यालयों की लिस्ट मांगी गई है, जिनकी स्थिति जर्जर है। इन विद्यालयों को प्रदेश सरकार फिर से मरम्मत करवाएगी। साथ ही कहा कि कुछ स्थानों पर यह कार्य शुरू भी हो गए हैं। मौके पर शिक्षा मंत्री ने मदरसों के सिलेबस से जुड़ें सवालों पर कहा कि मामला संज्ञान के बाद संबंधित अधिकारियों को जांच-पड़ताल के आदेश दिए गए हैं। जो भी सच सामने आएंगे उसी आधार पर सुधार किए जाएंगे।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;चुनाव में नौकरी और रोजगार अहम मुद्दा&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;बिहार में अगले साल विधानसभा चुनाव होने हैं, ऐसे में राज्य में सत्ता पक्ष और विपक्षी दलों के लिए नौकरी और रोजगार बड़ा मुद्दा बना हुआ है. शिक्षा विभाग में अब तक लगभग 5 लाख से ज्यादा शिक्षकों की नियुक्ति हो चुकी है। 15 अगस्त को झंडा फहराने के बाद मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने रोजगार को लेकर बड़ा ऐलान किया. जिसमें उन्होंने 12 लाख नौकरियों के साथ 34 लाख रोजगार की घोषणा की थी.&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>Bihar School: शिक्षा विभाग का नया फरमान, सभी सरकारी स्कूलों में चालू हो ICT लैब</title><link>https://bihar.inkhabar.com/top-news/bihar-school-new-order-of-education-department-ict-lab-should-be-operational-in-all-government-schools/</link><pubDate>July 9, 2024, 8:03 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2024/07/download-3-5-300x169.png</image><category>टॉप न्यूज़</category><excerpt>पटना। बिहार के सरकारी स्कूलों में स्थापित आईसीटी (सूचना संचार प्रौद्योगिकी) लैब में अब हर दिन स्टूडेंट्स की पढ़ाई होगी। इसके साथ ही शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव डॉ एस सिद्धार्थ ने सभी जिलों को आदेश दिया है। सभी आईसीटी लैब को संचालित करने के ल...</excerpt><content>
&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;&lt;strong&gt;पटना&lt;/strong&gt;। बिहार के सरकारी स्कूलों में स्थापित आईसीटी (सूचना संचार प्रौद्योगिकी) लैब में अब हर दिन स्टूडेंट्स की पढ़ाई होगी। इसके साथ ही शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव डॉ एस सिद्धार्थ ने सभी जिलों को आदेश दिया है। सभी आईसीटी लैब को संचालित करने के लिए विज्ञान टीचरों को पहले ही प्रशिक्षित किया जा चुका है। आदेश के मुताबिक, प्राथमिक स्तर की आईसीटी लैब की क्लास में हर दिन कम से कम 50 छात्र शामिल होंगे।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;स्टूडेंट्स की प्रगति का होगा मूल्यांकन&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;वहीं माध्यमिक और उच्च माध्यमिक आईसीटी लैब में चलने वाली क्लास में हर दिन कम से कम 100 छात्र बैठेंगे। छात्रों की प्रगति का साप्ताहिक मूल्यांकन किया जाएगा। अपर मुख्य सचिव के निर्देश के मुताबिक आईसीटी लैब में पढ़ने वाले छात्रों की प्रगति का साप्ताहिक मूल्यांकन हर मंगलवार को किया जाएगा। आईसीटी लैब वाले सभी सरकारी स्कूलों के प्रधानाध्यापकों को छात्रों को लैब में पढ़ाई के लिए प्रोत्साहित करने का निर्देश दिया गया है। विभाग के निरीक्षण के दौरान पाया गया है कि सरकारी देखरेख में स्थापित अधिकांश आइसीटी लैब का उपयोग नहीं हो रहा है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;लैब को जल्द शुरू करने का निर्देश&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;निरीक्षण पदाधिकारी की रिपोर्ट के आधार पर शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव ने तत्काल कार्रवाई करने का निर्देश दिया है। इसमें जिला शिक्षा पदाधिकारियों से पूछा गया है कि आइसीटी लैब में विद्यार्थियों की गतिविधियों को रूटीन में क्यों नहीं शामिल किया गया है? साथ ही निर्देश दिया गया है कि साप्ताहिक मूल्यांकन का कार्य हर हाल में इसी सप्ताह से शुरू किया जाए और इसकी रिपोर्ट संबंधित पदाधिकारी को भेजी जाए।&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>K.K. Pathak: केके पाठक के नए फरमान से बढ़ सकती है शिक्षकों की टेंशन, जानें क्या है नया आदेश</title><link>https://bihar.inkhabar.com/top-news/teachers-tension-may-increase-due-to-kk-pathaks-new-order-know-what-is-the-new-order/</link><pubDate>December 16, 2023, 11:12 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2023/12/10-4-300x165.png</image><category>टॉप न्यूज़</category><excerpt>पटना। बिहार में शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव केके पाठक ने एक नए फरमान से सरकारी स्कूलों के टीचरों में हड़कंप मचा हुआ है। बताया जा रहा है कि केके पाठक एक सरकारी स्कूल की शिक्षिक से कह रहे थे कि अगर बच्चे शाम 5 बजे तक भी पढ़ना चाहते हैं तो आप उ...</excerpt><content>
&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;&lt;strong&gt;पटना।&lt;/strong&gt; बिहार में शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव केके पाठक ने एक नए फरमान से सरकारी स्कूलों के टीचरों में हड़कंप मचा हुआ है। बताया जा रहा है कि केके पाठक एक सरकारी स्कूल की शिक्षिक से कह रहे थे कि अगर बच्चे शाम 5 बजे तक भी पढ़ना चाहते हैं तो आप उन्हें पढ़ाइए। इसके साथ ही बच्चों से कहा कि आप पढ़ें चाहे नहीं पढ़े लेकिन आपको स्कूल में 3:30 बजे तक रहना है भागना नहीं है। उनका ये बयान कैमरे में कैद हो गया है, जिससे शिक्षक सोच में पड़ गए है कि क्या 5 बजे तक पढ़ाने का फरमान जारी होगा।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;निरीक्षण करने पहुंचे केके पाठक&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;दरअसल, बिहार शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव केके पाठक शुक्रवार को वैशाली जिले सरकारी स्कूलों का जायजा लेने पहुंचे। निरीक्षण के दौरान केके पाठक हाजीपुर के हंसतारगंज मध्य विद्यालय पहुंचे जहां उन्होंने बच्चों की उपस्थिति बढ़ाने के निर्देश दिए। इसके बाद उन्होंने चंद्रलेखा मध्य विद्यालय अस्तीपुर, मध्य विद्यालय मीनापुर व अन्य स्कूलों का निरीक्षण किया। जिसके बाद केके पाठक लालगंज के घटारो मध्य विद्यालय में पहुंचे। यहां उन्होंने एक शिक्षिका को कहा कि आप 3:30 से लेकर 5:00 बजे तक स्कूल में रहें। इसके साथ ही उन्होंने बच्चों से कहा कि आप पढ़ें चाहे नहीं पढ़ें लेकिन 3:30 बजे तक आपको स्कूल में रहना है भागना नहीं है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;पहले भी जारी हो चुके हैं कड़े फरमान&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;बता दें कि इससे पहले शिक्षा विभाग की तरफ से कई फरमान जारी किए गए थे। जैसे कि जिस स्कूल में शिक्षक पढ़ाते हैं उन्हें उस स्कूल के 15 किलोमीटर के दायरे में ही रहना होगा चाहे वो ड्यूटी पर हों या छुट्टी पर। इसके अलावा शिक्षकों को तबीयत खराब होने पर भी स्कूल आकर छुट्टी लेनी पड़ेगी। इस दौरान व्हाट्सएप पर छुट्टी का आवेदन स्वीकार नहीं किया जाएगा। यही नहीं कोई शिक्षक मीडिया में बयान नहीं दे सकता और न ही शिक्षा विभाग को लेकर सोशल मीडिया पर किसी प्रकार का पोस्ट कर सकता है।&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>Bihar News: राज्यपाल ने खुले मंच पर नीतीश कुमार को दे दी नसीहत, बोले- कुलाधिपति की मर्यादा का ख्याल रखें</title><link>https://bihar.inkhabar.com/politics/bihar-news-the-governor-gave-advice-to-nitish-kumar-on-the-open-platform-said-take-care-of-the-dignity-of-the-chancellor/</link><pubDate>September 5, 2023, 2:54 pm</pubDate><image>wp-content/uploads/2023/09/download-47-300x169.png</image><category>राजनीति</category><excerpt>पटना: आज पूरा देश शिक्षक दिवस मना रहा है। ऐसे में बिहार में भी शिक्षक दिवस के मौके पर आयोजित कार्यक्रम में राज्यपाल और मुख्यमंत्री ने शिरकत की। लेकिन राज्यपाल राजेन्द्र विश्वनाथ आर्लेकर ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से शिकायत की है। राज्यपाल ने कह...</excerpt><content>
&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;&lt;strong&gt;पटना&lt;/strong&gt;: आज पूरा देश शिक्षक दिवस मना रहा है। ऐसे में बिहार में भी शिक्षक दिवस के मौके पर आयोजित कार्यक्रम में राज्यपाल और मुख्यमंत्री ने शिरकत की। लेकिन राज्यपाल राजेन्द्र विश्वनाथ आर्लेकर ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से शिकायत की है। राज्यपाल ने कहा कि आपने देखा है कि मुख्यमंत्री ने कितना काम किया है। आप इतना सोच नहीं सकते हैं, इतना कर नहीं सकते हैं, जितना काम किया है। लेकिन विश्वविद्यालयों के कुलाधिपति को अगर आप नीचे रखेंगे तो कुलाधिपति इस पर जरूर विचार नहीं कर सकते। कुलाधिपति की जो भी वहां हैसियत है, उसपर विचार करने की, पुनर्विचार करने की आवश्यकता है शिक्षा विभाग को।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;इन दोनों बातों पर विचार करने की आवश्यकता है&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;राज्यपाल ने कहा कि आप कुलाधिपति को वहां से टोकते रहेंगे और अपेक्षा करते रहेंगे, ऐसा नहीं हो सकता है। मुझे लगता है कि इन दोनों बातों पर विचार करने की आवश्यकता है। कोई चिंता का विषय नहीं है। यह समन्वय का विषय है। संघर्ष का विषय नहीं है। तनाव की बात आती है, लेकिन मेरे और मुख्यमंत्री के बीच में कोई तनाव नहीं है। हम दोनों इकट्ठा बैठ सकते हैं। हम दोनों इकट्ठा बैठकर विचार कर सकते हैं। इस पूरे विषय पर समाधान निकाल सकते हैं, ऐसा मेरा विश्वास है। शिक्षक दिवस पर अपने अगर इस शिक्षा के सिस्टम को, प्रदेश के शिक्षा के सिस्टम को ठीक करने का संकल्प किया जाए तो इससे बेहतर कुछ नहीं होगा।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;मंच पर लड़खड़ा गए सीएम&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;दरअसल, पटना विश्वविद्यालय के नए व्हीलर सीनेट हॉल का भी उद्घाटन किया जाना था। इसको लेकर विवि प्रशासन की ओर से राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ अर्लेकर और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को आमंत्रित किया गया था। ऐसे में नीतीश कुमार जब स्टेज पर पहुंचे तो रेड कारपेट पर वह लड़खड़ा गए। इसके बाद उनके बॉडीगार्ड ने उन्हें संभाला। राज्यपाल और मुख्यमंत्री ने व्हीलर सीनेट हॉल का भी उद्घाटन किया। विवि के किसी भी कार्यक्रम में कुलाधिपति सह राज्यपाल के साथ मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पहली बार मंच साझा कर रहे हैं। व्हीलर सीनेट हॉल का नव सौन्दर्यीकृत किया गया है। शिक्षक दिवस पर सेवानिवृत्त 35 शिक्षकों को सम्मानित किया गया। 21 शिक्षक एवं कर्मचारी भी सम्मानित हुए।&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>गोपालगंज में शिक्षकों पर गिरी गाज, जानें क्यों हुआ 63 पर FIR</title><link>https://bihar.inkhabar.com/top-news/bihar-teachers-farziwara-gopalgunj-news-dm-crime-pkdnh/</link><pubDate>February 1, 2023, 4:18 pm</pubDate><image>wp-content/uploads/2023/02/BIHAR-TEACHERS-300x169.png</image><category>टॉप न्यूज़</category><excerpt>गोपालगंज: बुधवार(1 फरवरी) को बिहार के शिक्षा विभाग में खलबली मच गई. बिहार में शिक्षा विभाग महकमे से एक ऐसी खबर उठी की सूबे के लोग हैरान रह गए. दरअसल शिक्षा विभाग के 63 शिक्षकों पर FIR होने की ख़बर सामने आ रही है. इन शिक्षकों को लेकर विभाग ने नो...</excerpt><content>
&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;&lt;strong&gt;गोपालगंज:&lt;/strong&gt; बुधवार(1 फरवरी) को बिहार के शिक्षा विभाग में खलबली मच गई. बिहार में शिक्षा विभाग महकमे से एक ऐसी खबर उठी की सूबे के लोग हैरान रह गए. दरअसल शिक्षा विभाग के 63 शिक्षकों पर FIR होने की ख़बर सामने आ रही है. इन शिक्षकों को लेकर विभाग ने नोटिस जारी कर दिया है. ये सारे ऐसे शिक्षक हैं जिनकी बहाली में फर्जीवाड़ा पाया गया है. शिक्षा विभाग ने फर्जी तरीके से बहाल हुए इन शिक्षकों की एक और सूची जारी की थी.&lt;/p&gt;



&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;&lt;strong&gt;5 फरवरी तक रिपोर्ट दर्ज कराने के आदेश&lt;br&gt;&lt;/strong&gt;मिली जानकारी के मुताबिक, शिक्षा विभाग द्वारा जारी की गई लिस्ट में 63 लोगों का नाम है. बताया जा रहा है कि बिहार के गोपालगंज जिले में इन लोगों ने फर्जीवाड़ा करते हुए. पंचायत और प्रखंड शिक्षक नियोजन इकाइयों का दुरुपयोग कर गलत तरीके से बहाली करा ली थी. बिहार शिक्षा विभाग ने ऐसे 63 शिक्षकों की सूची जारी की है, जिनकी बहाली में अनियमितता पाई गई थी.&lt;/p&gt;



&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;&lt;strong&gt;डीएम ने दिया आदेश&lt;br&gt;&lt;/strong&gt;शिक्षक भर्ती फर्जीवाड़ा मामले में गोपालगंज के डीएम डॉ. नवल किशोर चौधरी की ओर से सभी शिक्षकों पर एफआइआर दर्ज कराते हुए कार्रवाई करने का आदेश दिया है. डीएम के आदेश के बाद शिक्षा विभाग हरकत में आई और सारे नामजद आरोपियों पर कार्रवाई करते हुए इनका नाम जारी की. डीएम के आदेश के बाद शिक्षा विभाग के डीपीओ जमालुद्दिन ने संबंधित नियोजन इकाइयों को प्राथमिकी दर्ज कराने के लिए रिपोर्ट भेज दी है. साथ ही इन सभी लोगों पर पांच फरवरी तक FIR दर्ज कराने के आदेश दिए गए हैं.&lt;/p&gt;



&lt;p class=&quot;wp-block-paragraph&quot;&gt;&lt;strong&gt;ये लोग हैं शामिल&lt;br&gt;&lt;/strong&gt;जिन शिक्षकों के विरुद्ध डीएम ने प्राथमिकी दर्ज कराने का आदेश दिया है उनमें बैकुंठपुर प्रखंड के खैरा आजम नियोजन इकाई की नीतू कुमारी, बंगरा के नागेंद्र कुमार राम, कतालपुर के उमेश कुमार राम, बंधौली बंधौरा राजीव सुमन, पूजा कुमारी, बैकुंठपुर की कुमारी प्रीति सिंह, अमित कुमार,बरौली प्रखंड की खजुरिया नियोजन इकाई की रानी कुमारी, रिंकू कुमारी, मोबल बिरैचा की कुमारी आभा, इत्यादी शामिल हैं.&lt;/p&gt;
</content></item></channel></rss>