<?xml version="1.0" encoding="UTF-8"?>
<rss version="2.0"
    xmlns:ag="http://purl.org/rss/1.0/modules/aggregation/"  
    xmlns:annotate="http://purl.org/rss/1.0/modules/annotate/" 
    xmlns:app="http://www.w3.org/2007/app"
    xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom"
    xmlns:company="http://purl.org/rss/1.0/modules/company"
    xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
    xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
    xmlns:dcterms="http://purl.org/dc/terms/"
    xmlns:email="http://purl.org/rss/1.0/modules/email/"
    xmlns:ev="http://purl.org/rss/1.0/modules/event/"
    xmlns:rdf="http://www.w3.org/1999/02/22-rdf-syntax-ns#"
    xmlns:rdfs="http://www.w3.org/2000/01/rdf-schema#"
    xmlns:ref="http://purl.org/rss/1.0/modules/reference/"
    xmlns:taxo="http://purl.org/rss/1.0/modules/taxonomy/"
    xmlns:atom10="http://www.w3.org/2005/Atom">
    <channel>
       <title>Today bagaha news News | Latest bagaha news News | Breaking bagaha news News in English | Latest bagaha news News Headlines - Inkhabar</title>
        <description>आज का bagaha news समाचार:Today bagaha news News ,Latest bagaha news News,Aaj Ka Samachar ,bagaha news समाचार ,Breaking bagaha news News in Hindi, Latest News Headlines - Inkhabar</description>
        <link>https://www.inkhabar.com/tag/bagaha-news</link>
        <lastBuildDate>April 15, 2026, 10:41 pm</lastBuildDate>
        <copyright>Inkhabar</copyright>
        <generator>Inkhabar</generator>
        <language>hi</language>
        <image>
            <url>https://www.inkhabar.com/wp-content/themes/inkhabar/images/inkhbar-logo.png</url>
            <title>Inkhabar</title>
            <link>https://www.inkhabar.com/</link>
            <description>Feed provided by Inkhabar.</description>
        </image><item><title>भाइयां ये यूपी नहीं बिहार बा, मौनी अमावस्या पर बगहा में त्रिवेणी संगम पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़</title><link>https://bihar.inkhabar.com/culture/brothers-this-is-not-up-but-bihar-huge-crowd-of-devotees-at-triveni-sangam-in-bagaha-on-mauni-amavasya/</link><pubDate>January 29, 2025, 9:57 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2025/01/download-46-2.png</image><category>संस्कृति</category><excerpt>पटना: आज मौनी अमावस्या है। इस मौके पर यूपी के प्रयागराज महाकुंभ में आज दूसरा अमृत स्नान है। दूसरे शाही स्नान से पहले ही महाकुंभ में अधिक भीड़ होने से मंगलवार देर रात भगदड़ मच गई। जिसमें कई लोगों की मौत की खबर सामने आई हैं। इस बीच बिहार के बगहा जि...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;पटना:&lt;/strong&gt; आज मौनी अमावस्या  है। इस मौके पर यूपी के प्रयागराज महाकुंभ में आज दूसरा अमृत स्नान है। दूसरे शाही स्नान से पहले ही महाकुंभ में अधिक भीड़ होने से मंगलवार देर रात भगदड़ मच गई। जिसमें कई लोगों की मौत की खबर सामने आई हैं। इस बीच बिहार के बगहा जिले स्थित त्रिवेणी संगम की कई तस्वीरें सामने आई है। जिससे यह अनुमान लगाया जा रहा है कि बगहा त्रिवेणी में स्नान करने के लिए भारी संख्या में लोग पहुंचे हुए हैं। जिस कारण से वाहनों की लंबी कतार देखने को मिली। इससे यातायात काफी प्रभावित भी हुआ है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;नारायणी गंडक में स्नान कर रहें श्रद्धालु&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;आज मौनी अमावस्या पर ब्रह्म मुहूर्त से ही नारायणी गंडक के पवित्र जल में डुबकी लगाने के लिए श्रद्धालुओं की भारी भीड़ पहुंच रही है। भक्तों ने नदी में डुबकी लगाने के दौरान भगवान विष्णु, भोलेनाथ और सूर्य देव की आराधना की। दान-पुण्य किया। वाल्मीकि नगर सटे होने की वजह से नेपाल से भी भक्तों की भारी भीड़ पहुंच रही है। यूपी से सटे इलाके हैं वहां से भी लोग वाल्मीकि नगर पहुंचकर स्नान करते हैं।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;प्रशासन अलर्ट&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;मौनी अमावस्या  पर बिहार सरकार का मानना था कि अधिक भीड़ होगी। इसके लिए पहले से ही प्रशासन अलर्ट थी। जगह-जगह पर सुरक्षा के कड़े बंदोबस्त किये गए हैं। सरकार भक्तों की भीड़ को कंट्रोल में रखने के लिए पूरी तरह से तैयार हैं। भक्त सही से स्नान कर रहे हैं। यहां कोई अनहोनी न हो इसके लिए पूरी तैयारी है। हालांकि भीड़ अधिक होने के कारण ट्रैफिक अधिक है। जगह-जगह पर लोगों को सड़क जाम का सामना करना पड़ रहा है।&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>Fair: एक ऐसा अनोखा मेला, जहां लगता है भूतों का डेरा</title><link>https://bihar.inkhabar.com/ajab-gajab/fair-a-unique-fair-where-ghosts-camp/</link><pubDate>October 12, 2024, 12:29 pm</pubDate><image>wp-content/uploads/2024/10/YJI-300x169.webp</image><category>अजब-गजब</category><excerpt>पटना। नवरात्र और दशहरे पर आपने कई तरह-तरह के मेले देखे होंगे, लेकिन क्या आपने कभी भूतों के मेले का देखा है। बिहार के बगहा इलाके में एक अनोखा मेला लगता है। यहां बाकी मेलों की तरह खिलौने या झूलें नहीं लगते है, बल्कि यहां भूतों का मेला लगता है। भू...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;पटना।&lt;/strong&gt; नवरात्र और दशहरे पर आपने कई तरह-तरह के मेले देखे होंगे, लेकिन क्या आपने कभी भूतों के मेले का देखा है। बिहार के बगहा इलाके में एक अनोखा मेला लगता है। यहां बाकी मेलों की तरह खिलौने या झूलें नहीं लगते है, बल्कि यहां भूतों का मेला लगता है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;भूतों से मुक्ति दिलाने का मेला&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;वाल्मीकि टाइगर रिजर्व (वीटीआर) के जंगल के बीच स्थित गोबरहिया जगह पर भूत-प्रेत से मुक्ति दिलाने के लिए मेला लगाया जाता है। यह मेला साल 2001 से लगता आ रहा है। हर नवरात्र में यह मेला लगाया जाता है। सैकड़ों की संख्या में लोग भूत- प्रेत और आत्माओं की मुक्ति दिलाने के लिए जंगल में पहुंचते हैं। प्रेत और भूत भगाने के नाम पर पुरुष एवं महिलाओं के शरीर को यातनाएं दी जाती है। इस मेले में सिर्फ अनपढ़ ही नहीं बल्कि, पढ़ी लिखी महिलाए भी भूतों से मुक्ति पाने के लिए यहां आती है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;10 सालों से लोग आते है&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;लोगों द्वारा इस जगह के बारे में कई तरह के दांवे किए जाते है। कुछ महिलाएं तो पिछले दस सालों से गोबराहिया देवी स्थान आ रही हैं। 10 वर्ष पहले उन्होंने कई बड़े-बड़े अस्पतालों में इलाज कराया. लेकिन उन्हें कोई फायदा नहीं दिखाई दिया। आखिर में हार मानकर वह गोबरहिया देवी की शरण में आईं। यहां आने से उन्हें काफी फायदा है। महिलाओं का मानना है कि यहां आने पर उनके सब दुख दूर हो जाते है। वह बेहतर महसूस करती है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;कई समस्याओं से छुटकारा&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;यहां आने वाली महिलाओं का कहना है कि वे प्रत्येक साल इस मेले में देवी के दर्शन के लिए आती है। विधि-विधान से देवी की पूजा करती है। वही यहां के पुजारियों के मुताबिक भूत प्रेत के नाम पर यहां कोई भी झाड़ फूंक नहीं किया जाता है। लोग यहां अपनी श्रद्धा से आते है और देवी की पूजा करत है। जिसके बाद उन्हें भूत-प्रेत जैसी समस्याओं से छुटकारा मिलता है।&lt;/p&gt;
</content></item></channel></rss>