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       <title>Today ASI News | Latest ASI News | Breaking ASI News in English | Latest ASI News Headlines - Inkhabar</title>
        <description>आज का ASI समाचार:Today ASI News ,Latest ASI News,Aaj Ka Samachar ,ASI समाचार ,Breaking ASI News in Hindi, Latest News Headlines - Inkhabar</description>
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        </image><item><title>संभल मामले में ASI ने कोर्ट में दाखिल किया अपना जवाब, जानें क्या कहा गया</title><link>https://bihar.inkhabar.com/desh-pradesh/asi-filed-its-reply-in-the-court-in-sambhal-case-know-what-was-said/</link><pubDate>December 1, 2024, 6:26 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2024/12/download-31.png</image><category>देश-प्रदेश</category><excerpt>लखनऊ: ASI ने यहां शाही जामा मस्जिद के सर्वेक्षण की अनुमति देते हुए अदालत में अपना जवाब दाखिल किया है, जिसमें संरक्षित विरासत संरचना के रूप में मुगल काल की मस्जिद का नियंत्रण और प्रबंधन एएसआई को सौंपने का अनुरोध किया गया है। एएसआई ने दाखिल किया ...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;लखनऊ:&lt;/strong&gt; ASI ने यहां शाही जामा मस्जिद के सर्वेक्षण की अनुमति देते हुए अदालत में अपना जवाब दाखिल किया है, जिसमें संरक्षित विरासत संरचना के रूप में मुगल काल की मस्जिद का नियंत्रण और प्रबंधन एएसआई को सौंपने का अनुरोध किया गया है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;एएसआई ने दाखिल किया जवाब&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;ASI का प्रतिनिधित्व कर रहे वकील विष्णु शर्मा ने कहा है कि एएसआई ने शुक्रवार को अपना जवाब दाखिल किया था, जिसमें कहा गया था कि साइट का सर्वेक्षण करते समय उसे मस्जिद की प्रबंधन समिति और स्थानीय निवासियों के विरोध का सामना करना पड़ा था।&lt;/p&gt;



&lt;h3 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;वकील विष्णु शर्मा ने आगे बताया&lt;/strong&gt;&lt;/h3&gt;



&lt;p&gt;उन्होंने कहा कि जवाब में 19 जनवरी 2018 की एक घटना का भी जिक्र किया गया है, जब मस्जिद की सीढ़ियों पर मनमाने ढंग से स्टील की रेलिंग लगाने के आरोप में मस्जिद की प्रबंधन समिति के खिलाफ मामला दर्ज किया गया था. उन्होंने आगे कहा कि 1920 से एएसआई संरक्षित स्थल के रूप में अधिसूचित शाही जामा मस्जिद एएसआई के अधिकार क्षेत्र में है। इसलिए एएसआई के नियमों का पालन करते हुए लोगों को मस्जिद में प्रवेश की अनुमति दी जानी चाहिए।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;बदलाव का अधिकार ASI के पास&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;एएसआई का तर्क है कि इमारत का नियंत्रण और प्रबंधन और कोई भी संरचनात्मक परिवर्तन करने का अधिकार एएसआई के पास रहना चाहिए। शर्मा ने कहा कि एएसआई ने यह भी चिंता व्यक्त की कि प्रबंधन समिति द्वारा मस्जिद की संरचना में अनधिकृत परिवर्तन अवैध थे और इसे रोका जाना चाहिए।&lt;/p&gt;



&lt;h3 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;कोर्ट इस मामले पर विचार-विमर्श करेगा&lt;/strong&gt;&lt;/h3&gt;



&lt;p&gt;संभावना है कि आने वाले दिनों में कोर्ट इस मामले पर विचार-विमर्श करेगा. 24 नवंबर को संभल में स्थानीय अदालत के आदेश पर एडवोकेट कमिश्नर द्वारा शाही जामा मस्जिद के सर्वे के दौरान हिंसा भड़क गई थी, जिसमें चार लोगों की मौत हो गई थी.&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>Mistake: गलत घर में घुसकर छापेमारी करना पुलिस को पड़ा भारी, लिखित में दिया माफीनामा</title><link>https://bihar.inkhabar.com/states/mistake-the-police-had-to-pay-a-heavy-price-for-raiding-the-wrong-house-gave-a-written-apology/</link><pubDate>August 30, 2024, 4:15 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2024/08/TYUIO-3-300x169.webp</image><category>राज्य</category><excerpt>पटना। बिहार के पूर्णिया जिले से एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। यहां पूर्णिया पहुंची दिल्ली पुलिस से एक बड़ी गलती हो गई है। दिल्ली पुलिस जिसे पकड़ने आई थी उसे छोड़कर दूसरे को पकड़ लाई। जिसके बाद पीड़ित ने शोर मचाया तो आस-पड़ोस के मोहल...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;पटना।&lt;/strong&gt; बिहार के पूर्णिया जिले से एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। यहां पूर्णिया पहुंची दिल्ली पुलिस से एक बड़ी गलती हो गई है। दिल्ली पुलिस जिसे पकड़ने आई थी उसे छोड़कर दूसरे को पकड़ लाई। जिसके बाद पीड़ित ने शोर मचाया तो आस-पड़ोस के मोहल्ले वाले वहां इकट्ठा हो गए। सभी पुलिसकर्मियों को बंधक बना लिया गया। घटना पूर्णिया जिले के कसबा थाना क्षेत्र के 3 पनिया गुदड़ी बाजार की है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;दुष्कर्म का मामला दर्ज किया&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;सहरसा जिले के स्थानीय निवासी विक्की उर्फ विक्की ठाकुर के ऊपर दिल्ली पीएस उत्तर थाने में दुष्कर्म का मुकदमा दर्ज किया गया। जिसके बाद दिल्ली पुलिस के ASI सुमित यादव और उनके सुरक्षाकर्मी आरोपी के घर छापेमारी करने के लिए पहुंचे, लेकिन आरोपी वहां मौजूद नहीं था। इसके बाद दिल्ली पुलिस को सूचना मिली कि वह वह अपने ससुराल पूर्णिया जिले के एक कस्बे में है। सूचना के मिलने के बाद दिल्ली पुलिस पूर्णिया के लिए निकली और वहां पहुंचकर आरोपी को गिरफ्तार करने के लिए सहयोग मांगा&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;बिना महिला पुलिस के की छापेमारी&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;जिसके बाद कस्बा थाने के एक ASI और पुलिस ने आरोपी के ससुराल में छापेमारी की। जब छापेमारी की गई तब पुलिस सादे कपड़ों में थी। अचानक घर में बिना वर्दी के एक साथ इतने सारे लोगों के घुसने पर परिवार वाले डर गए। फिर भी परिवार वालों ने पुलिस को पकड़ना शुरू कर दिया। जिसके बाद एक व्यक्ति को पुलिस पकड़कर ले जाने लगी। घर की महिलाएं इस बात पर शोर मचाने लगी कि जिसके बाद मोहल्लेवासियों ने पुलिस को बंधक बना लिया।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;परिवार वालों ने बनाया बंधक&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;पुलिस ने जब वारंट दिखाया तो पता चला कि वह पुलिस है। पुलिस गलती से किसी दूसरे घर में घुस गई थी जहां महिलाएं बेडरूम में थी। पुलिस ने बिना महिला सिपाही के घर में छापेमारी की थी। वहीं इस मामले के बारे में सूचना मिलते ही कस्बा थानाध्यक्ष अजय कुमार पहुंचे। लोगों को समझाने की कोशिश की, लेकिन घरवाले कुछ भी समझने को तैयार नहीं थे। जिसके बाद एक घंटे तक ऐसा ही ड्रामा चला। इतने ड्रामे के बाद पुलिस ने लिखित रूप में माफी मांगी। जिसके बाद उन्हें छोड़ दिया गया।&lt;/p&gt;
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